गांव के बाहर एक छोटासा झील था, जहां एक जूनियर अध

िकारी ने अपनी शादी के बाद अपनी बेटी को छोड़ दिया

। उसकी बेटी, जिसे जाति के कारण अपनी पसंद के शख्स

से शादी करने से रोका गया, उस झील के तट पर रहने

लगी।

एक दिन, जब उसकी बेटी एक जाति से बाहर के शख्स से

मिलने लगी, तो उसकी रूढ़िवादी दादी उसके घर में आ

गई। उसने अपनी बेटी के घर में एक नया नियम बना दिय

ा: जो भी उसकी बेटी के साथ रहेगा, वह उसके घर के न

ियमों के अनुसार रहेगा।

उस जाति से बाहर के शख्स ने उस नियम को अपनाने के

बजाय झील के बाहर चले गए। उसकी बेटी ने अपनी दादी

के सामने खुद को जाति के बाहर घोषित कर दिया।

एक दिन, झील के तट पर एक आग लग गई। उस आग में उसकी

बेटी और उस जाति से बाहर के शख्स के घर जल गए। उस

दादी ने उस आग में अपनी बेटी को बचाने के लिए अपन

े घर के दरवाजे खोल दिए।

अगले दिन, जब गांव वापस आया, तो वहां के लोग एक नए

नियम के साथ रहने लगे: जो भी अपनी पसंद के लिए लड

़ेगा, वह जाति के बाहर रहेगा।

उस दादी ने अपने घर में एक झील के तट पर एक नया घर

बना दिया, जहां जाति के बाहर के लोग रह सकते थे।