एक गांधीवादी आंदोलन में शामिल क्रांतिकारी कार्यक
र्ता अपने पिता के अंतिम दिनों में गांव लौटता है।
उसके परिवार के सभी सदस्य एक ही घर में रहते हैं,
लेकिन वह अपने आदर्शों के चलते उनके नियमों से दू
र रहता है। रेट्रो दौर के एक घटना जैसे कि टेलीविज
न पर राष्ट्रीय खेल के प्रसारण के दौरान एक बड़ा अ
फसोस होता है, जिसमें उसके छोटे भाई की जान जाती ह
ै।
उसके पिता उसे एक नए नियम के बारे में बताते हैं:
अगर कोई व्यक्ति अपने आदर्शों के कारण परिवार के अ
ंदर आकर्षित हो जाता है, तो उसे एक दूसरे घर में र
हना पड़ता है। इस नियम के चलते वह अपने परिवार से
अलग हो जाता है, लेकिन उसके भाई की मृत्यु के बाद
उसके पिता उसे एक छोटे घर में रखते हैं।
उसके जीवन में एक नई रेट्रो दृष्टि आती है: वह अपन
े छोटे भाई के साथ खेले जाने वाले क्रिकेट के बारे
में याद करता है, जो उसके परिवार के लिए एक बड़ा
आनंद था। लेकिन अब उसे अपने आदर्शों के बारे में स
ोचना पड़ता है, क्योंकि उसके आदर्श अब उसके परिवार
के लिए असंगत लग रहे हैं।
अंत में, वह अपने छोटे भाई के अंतिम खेल के बारे म
ें एक बार फिर याद करता है, जो उसके जीवन के एक अह
म बिंदु के रूप में रहता है। उसके पिता उसे बताते
हैं कि उसके आदर्श अब उसके परिवार के लिए एक बड़ा
बोझ बन गए हैं, और वह अब अपने आदर्शों के साथ रहने
के बजाय उनके बीच एक नए रास्ते की तलाश में है।


